मध्यप्रदेश उच्च शिक्षा विभाग द्वारा जनजातीय युवाओं में नेतृत्व क्षमता और चरित्र निर्माण को बढ़ावा देने के लिए गुजरात की ओएसिस संस्था के सहयोग से मिसाल प्रोजेक्ट संचालित किया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट का उद्देश्य जनजातीय युवाओं में सामाजिक जिम्मेदारी, नेतृत्व कौशल और समुदाय सेवा की भावना विकसित करना है, जिससे वे अपने समाज और राज्य में सकारात्मक बदलाव ला सकें। उच्च शिक्षा विभाग की यह पहल राज्य के शैक्षणिक और सामाजिक क्षेत्र में जनजातीय युवाओं को सशक्त नेतृत्व और समाज सेवा के लिए तैयार करने का एक अभिनव प्रयास है।
विद्यार्थियों को निबंध लेखन, समूह संवाद एवं प्रोजेक्ट वर्क का प्रशिक्षण देंगे प्राध्यापक
गौरतलब है कि इस प्रोजेक्ट के तहत 11 से 16 सितम्बर तक गुजरात के बडोदरा में एक प्रशिक्षण कार्यकम का आयोजन किया जा चुका है जिसमें इस प्रोजेक्ट के लिये चयनित प्रदेश 10 जनजातीय जिलों के शासकीय महाविद्यालयों के प्राध्यापक शामिल हुए थे। प्रशिक्षण के दौरान महाविद्यालय में एनएनएस का प्रभार संभाल रहे प्राध्यापकों को अपने-अपने महाविद्यालयों में जनजातीय युवाओं का चयन करके उन्हें कॉलेज के रोल मॉडल और समाज-सेवी नेतृत्व के रूप में तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई थी। प्रोजेक्ट के अगले चरण में अब ये प्राध्यापक अपने महाविद्यालयों में अध्ययनरत युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। जिसके तहत विद्यार्थियों को निबंध लेखन, समूह संवाद एवं प्रोजेक्ट वर्क का प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। प्रशिक्षण कार्यकम का यह तीसरा चरण 7 नवंबर से 12 दिसंबर तक चलेगा।
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