मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मनुष्य जीवन में जिस तरह शरीर को भोजन आवश्यक है, उसी प्रकार आत्मा की शुद्धि के लिए भक्ति और सत्संग बहुत जरूरी है। राज्य सरकार प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में धर्म-संस्कृति की धारा को निरंतर प्रवाहमान बनाए रखने के लिए सतत् सक्रिय है। हमारे किसान अपने कठोर परिश्रम से देशवासियों को अन्न और सभी आवश्यक भोजन सामग्री उपलब्ध करा रहे हैं। राज्य सरकार हर कदम पर किसानों के साथ है। किसानों को उनके परिश्रम का उचित सम्मान देने के लिए राज्य सरकार ने गेहूं का उपार्जन शुरू किया है। प्रत्येक गेहूं उपार्जन केंद्र पर किसानों के लिए सभी सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं। प्रदेश के किसानों ने गेहूं की फसल लगाई और धरती माता की कृपा से इस वर्ष गेहूं का उत्पादन दोगुना हो गया है। समर्थन मूल्य पर गेंहू खरीदने के साथ-साथ किसानों को 40 रुपए प्रति क्विंटल बोनस का भी लाभ दिया जा रहा है। अपनी प्रतिबद्धता के बलबूते राज्य सरकार इस वर्ष 2 हजार 625 रुपए प्रति क्विंटल गेहूं खरीद रही है। किसानों से उनकी उपज का एक-एक दाना खरीदा जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरुवार को शुजालपुर स्थित हाटकेश्वर धाम सेमली घाट में संत श्री पंडित कमल किशोर नागर जी द्वारा प्रस्तुत श्रीमद्भगवत् कथा में सम्मिलित होकर अपने विचार व्यक्त कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इससे पहले शाजापुर जिले के शुजालपुर में गेंहू उपार्जन केंद्रों का औचक निरीक्षण भी किया।
सम्बंधित ख़बरें


















