आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत भोपाल डिजिटल हेल्थ का आदर्श मॉडल बनकर उभर रहा है। भोपाल को पहला और पूरी तरह डिजिटल स्वास्थ्य जिला बनाए जाने के निरंतर प्रयास किए जा रहे है। इससे मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से मिल सकेंगी।
भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह द्वारा भी समय समय पर आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन की समीक्षा की जा रही है, विगत दिनों सभी शासकीय अस्पतालों को अपनी हेल्थ फैसिलिटी को रजिस्टर्ड करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रदेश में सर्वाधिक 3525 चिकित्सक और हेल्थ प्रोफेशनल्स भोपाल में पंजीकृत
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत हेल्थ प्रोफेशनल रजिस्ट्रेशन में भोपाल में सबसे अधिक 3525 चिकित्सक और स्वास्थ्य पेशेवर पंजीकृत एवं सत्यापित किए गए हैं। इसी तरह 1087 स्वास्थ्य संस्थाओं की एचएफआर आईडी बनाई जा चुकी है। जिले में 17 लाख से अधिक आभा आईडी बनाई जा चुकी है, जबकि 53 लाख से अधिक स्वास्थ्य रिकॉर्ड आभा आई डी से लिंक किए जा चुके हैं।
सम्बंधित ख़बरें
टेलीपरामर्श, ई फार्मेसी, मेडिकल क्लेम जैसी कई सुविधाएं
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ABDM) की शुरुआत 27 सितंबर 2021 को देशभर में की गई थी। इसका उद्देश्य देश में डिजिटल स्वास्थ्य को बढ़ावा देना है। इसके माध्यम से मेडिकल रिकॉर्ड का सुरक्षित रूप से स्टोर और एक्सेस करने की सुविधा मिल रही है। स्वास्थ्य संस्थाओं और सेवा प्रदाताओं के बारे में सटीक जानकारी, टेलीपरामर्श और ई फार्मेसी के माध्यम से दूरस्थ स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंचाने का विकल्प देना, स्वास्थ्य सेवा प्रदानकर्ता के पास रोगी के चिकित्सकीय इतिहास की जानकारी, मरीज के देखभाल के निरंतरता को बेहतर बनाना, मेडिकल क्लेम और चिकित्सा की प्रतिपूर्ति को बेहतर करना, डेटा विश्लेषण के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं को उन्नत करने में सहायता करना जैसे लाभ आभा आई डी के माध्यम से मिल सकेंगे।


















